
देहरादून। भाजपा प्रदेश मुख्यालय में रविवार को आयोजित सदस्यता ग्रहण कार्यक्रम में सैकड़ों पूर्व वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों, पूर्व सैनिकों और विभिन्न राजनीतिक दलों से जुड़े नेताओं ने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने सभी नए सदस्यों का पार्टी में स्वागत करते हुए कहा कि ‘राष्ट्र सर्वोपरि’ की सैन्य विचारधारा के साथ आगे बढ़ते हुए भाजपा उत्तराखंड में लगातार तीसरी बार सरकार बनाने का लक्ष्य लेकर चल रही है।
कांग्रेस पर महेंद्र भट्ट का हमला
महेंद्र भट्ट ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि दिल्ली से उत्तराखंड आने वाले कांग्रेस नेताओं का आत्मविश्वास कमजोर हो चुका है, इसलिए वे प्रदेश में आकर झूठे बयान देते हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं के बयानों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के प्रति वीरभूमि उत्तराखंड की जनता का विश्वास प्रभावित नहीं होने वाला है।
कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार और तरुण बंसल ने पूर्व सैन्य अधिकारियों एवं सैनिकों को भाजपा का पटका पहनाकर पार्टी की सदस्यता दिलाई।
भाजपा में शामिल होने वाले प्रमुख लोगों में यूकेडी के पूर्व केंद्रीय प्रवक्ता एवं सेवानिवृत्त कैप्टन राकेश ध्यानी, डीआईजी धर्म शक्तु, पूर्व नौसेना अधिकारी उमेश कुनियाल, कर्नल नवीन मिश्रा, कर्नल एससी शर्मा, शहीद पत्नी एवं लोकगायिका महिमा उनियाल, कीर्तिचक्र सम्मानित शहीद अजय वर्धन तोमर की पत्नी लक्ष्मी तोमर और समाजसेवी इलियास अहमद शामिल रहे।
राष्ट्रवाद और राष्ट्रीय सुरक्षा भाजपा की प्राथमिकता: भट्ट
महेंद्र भट्ट ने कहा कि सैनिकों के बीच ‘राष्ट्र सर्वोपरि’ की भावना भाजपा की वैचारिक सोच का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने कहा कि भाजपा की विचारधारा राष्ट्रवाद और राष्ट्रीय सुरक्षा को केंद्र में रखकर आगे बढ़ती है।
डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के कश्मीर को भारत का अभिन्न अंग बनाए रखने के संकल्प का उल्लेख करते हुए भट्ट ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में धारा 370 हटाकर उनके सपने को साकार किया गया।
उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में देश की सैन्य क्षमता में व्यापक बदलाव आया है। सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि भारत अब आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई करने में सक्षम है। रक्षा उपकरणों के घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने के साथ सेना के आधुनिकीकरण पर भी लगातार जोर दिया जा रहा है।
वन रैंक वन पेंशन का किया उल्लेख
भट्ट ने कहा कि भाजपा सरकार ने लंबे समय से लंबित वन रैंक वन पेंशन योजना को लागू किया। वहीं, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वीरता पुरस्कार प्राप्त करने वाले सैनिकों को मिलने वाली सम्मान राशि में वृद्धि की है।
उन्होंने कहा कि इन फैसलों से सैनिकों के बीच यह भरोसा मजबूत हुआ है कि केंद्र और राज्य सरकारें सैनिकों एवं उनके परिवारों के हितों को लेकर गंभीरता से कार्य कर रही हैं।
उत्तराखंड में विकास कार्यों का किया जिक्र
प्रदेश के विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए महेंद्र भट्ट ने कहा कि पिछले 10 से 12 वर्षों में उत्तराखंड में सड़क, हवाई संपर्क, स्वास्थ्य, बिजली और पेयजल के क्षेत्र में तेजी से काम हुआ है। उन्होंने देहरादून-दिल्ली एक्सप्रेसवे, नए एयरपोर्ट, एम्स और ग्रामीण क्षेत्रों तक सड़क एवं पेयजल सुविधाओं के विस्तार को विकास कार्यों का उदाहरण बताया।
उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा, आदि कैलाश और केदारनाथ में सुविधाओं के विस्तार में भी केंद्र सरकार का महत्वपूर्ण सहयोग रहा है।
2027 में भाजपा की जीत की हैट्रिक का आह्वान
भट्ट ने कहा कि वर्ष 2027 में होने वाले उत्तराखंड विधानसभा चुनाव में भाजपा को लगातार तीसरी बार जीत दिलाने के लिए सभी कार्यकर्ताओं को एकजुट होकर काम करना होगा। उन्होंने नए सदस्यों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशहित में किए जा रहे कार्यों को आगे बढ़ाने में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार ने नए सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा कि भाजपा का प्रत्येक कार्यकर्ता राष्ट्रवादी और सांस्कृतिक विचारधारा के साथ समाज में एक सैनिक की तरह काम करता है। उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिकों को पार्टी में भी अनुशासन और राष्ट्र के प्रति समर्पण की वही भावना देखने को मिलेगी।
पूर्व सैनिकों ने जताई भाजपा के लिए काम करने की प्रतिबद्धता
भाजपा में शामिल हुए कैप्टन राकेश ध्यानी ने कहा कि सभी पूर्व सैनिक पार्टी की रीति-नीति के अनुरूप पूरी क्षमता और समर्पण के साथ काम करेंगे। उन्होंने कहा कि 2027 के विधानसभा चुनाव में पूर्व सैनिक भाजपा की जीत के लिए पूरी ताकत से जुटेंगे और उत्तराखंड में प्रचंड बहुमत की सरकार बनाने में योगदान देंगे।
कार्यक्रम में कैप्टन पुष्कर, कर्नल राजीव रावत, कर्नल सतीश चंद्र शर्मा, कैप्टन हरीश चंद्र, सूबेदार सुभाष लखेड़ा, डॉ. गंगा बिष्ट, डॉ. नितिन मिश्रा, शिवानंद उनियाल, राकेश मोहन रावत, इंजीनियर नरेंद्र भंडारी, एडवोकेट अमित तोमर समेत बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक, विभिन्न राजनीतिक दलों से जुड़े लोग और मातृशक्ति मौजूद रही।



