
राजधानी देहरादून में नॉर्थ ईस्ट के एक छात्र की हत्या का मामला सामने आने से पूरे शहर में सनसनी फैल गई है। त्रिपुरा निवासी एंजेल चकमा, जो देहरादून में एमबीए की पढ़ाई कर रहा था, की शुक्रवार 26 दिसंबर की सुबह इलाज के दौरान मौत हो गई। छात्र की मौत के बाद यह मामला हत्या में तब्दील हो गया है। पुलिस ने इस प्रकरण में पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक नाबालिग आरोपी अभी फरार है, जिसके नेपाल भागने की सूचना मिली है।
सेलाकुई मार्केट में हुआ था विवाद
यह घटना 9 दिसंबर की रात की बताई जा रही है। एंजेल चकमा अपने छोटे भाई माइकल चकमा के साथ सेलाकुई मार्केट गया हुआ था। इसी दौरान कुछ स्थानीय युवकों से कहासुनी हो गई, जो देखते ही देखते हिंसक झगड़े में बदल गई। आरोप है कि विवाद के दौरान आरोपियों ने एंजेल चकमा पर धारदार हथियार और लोहे की रॉड से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
17 दिन तक चला इलाज, नहीं बच सकी जान
घटना के बाद घायल एंजेल चकमा को तुरंत ग्राफिक एरा अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बीते 17 दिनों से उसका इलाज चल रहा था, लेकिन शुक्रवार सुबह उसने दम तोड़ दिया। छात्र की मौत की सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को हत्या की धाराओं में दर्ज कर जांच तेज कर दी है।
शराब की दुकान पर शुरू हुआ था झगड़ा
पुलिस जांच में सामने आया है कि विवाद की शुरुआत शराब की दुकान पर शराब खरीदने के दौरान हुई थी। मामूली कहासुनी के बाद मामला बढ़ गया और आरोपियों ने जानलेवा हमला कर दिया। घटना को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
पांच आरोपी गिरफ्तार, एक नाबालिग फरार
पुलिस ने मुखबिरों की सूचना के आधार पर 14 दिसंबर को पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। वहीं एक नाबालिग आरोपी अभी भी फरार है। पुलिस को सूचना मिली है कि वह नेपाल भाग गया है। देहरादून पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है और लगातार दबिश दी जा रही है।
मृतक छात्र और परिवार की जानकारी
एंजेल चकमा उत्तराखंड की जिज्ञासा यूनिवर्सिटी में एमबीए फाइनल ईयर का छात्र था और अपने छोटे भाई माइकल चकमा के साथ सेलाकुई में रह रहा था। माइकल चकमा उत्तरांचल यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहा है। घटना के संबंध में 9 दिसंबर को माइकल चकमा ने ही थाना सेलाकुई में तहरीर दी थी।
पुलिस अधिकारियों का बयान
देहरादून के एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए गए थे। वहीं एसपी देहात पंकज गैरोला ने कहा कि छात्र की मौत के बाद केस को हत्या में तब्दील कर दिया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
गिरफ्तार आरोपियों में अविनाश नेगी (25) निवासी शंकरपुर सहसपुर, शौर्य राजपूत (18) निवासी धूलकोट प्रेमनगर, सूरज खवास (18) मूल निवासी मणिपुर हाल निवासी पटेलनगर, सुमित (25) निवासी तिलवाड़ी देहरादून और आयुष बडोनी (18) निवासी बाय खाल सेलाकुई शामिल हैं।
छात्रों की सुरक्षा पर उठे सवाल
इस घटना ने एक बार फिर बाहरी राज्यों से पढ़ाई के लिए उत्तराखंड आने वाले छात्रों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं।



