
हल्द्वानी। रामपुर रोड स्थित सुशीला तिवारी अस्पताल के पास हुए नितिन लोहनी हत्याकांड में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए हल्द्वानी नगर निगम के वार्ड नंबर 55 से भाजपा पार्षद अमित बिष्ट उर्फ चिंटू और उसके बेटे जय बिष्ट को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपियों को कड़ी सुरक्षा के बीच न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
घटना का विवरण
घटना रविवार देर रात की है, जब 22 वर्षीय नितिन लोहनी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। नितिन अपने दोस्त कमल भंडारी के साथ पार्षद के बेटे जय बिष्ट से मिलने गया था। पहले नितिन और जय के बीच दोस्ती थी, लेकिन बीते कुछ दिनों से किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था, जो उस रात हिंसक झड़प में बदल गया।
गोलीबारी और मौत
बताया गया है कि कहासुनी के बाद पार्षद अमित बिष्ट ने अपने घर की दूसरी मंजिल की छत से 12 बोर की लाइसेंसी दो नाली बंदूक से फायरिंग की। नितिन पर तीन गोलियां चलाई गईं। गोली लगने के बाद नितिन स्कूटी से भागने की कोशिश कर रहा था, लेकिन पीछे से फायरिंग में गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत सुशीला तिवारी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
सूचना मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने मामले का तुरंत संज्ञान लिया और पुलिस अधीक्षक हल्द्वानी को सख्त निर्देश दिए। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज को खंगाला गया।
आरोपी की गिरफ्तारी और सबूत
पुलिस ने नामजद आरोपी पार्षद अमित बिष्ट को घटना के महज चार घंटे में गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त 12 बोर की लाइसेंसी दो नाली बंदूक बरामद की गई। जांच के दौरान पार्षद के बेटे जय बिष्ट की भूमिका सामने आई और उसके खिलाफ धारा 3(5) बीएनएस और धारा 27 आर्म्स एक्ट जोड़ी गई।
5 जनवरी 2026 को जय बिष्ट (19 वर्ष) को बरेली रोड स्थित होंडा शोरूम तिराहे से गिरफ्तार किया गया। उसकी तलाशी में एक पिस्टल और चार जिंदा कारतूस बरामद हुए, जो उसके पिता की थी। जय बिष्ट के खिलाफ आयुध अधिनियम की धारा 30 के तहत अलग एफआईआर दर्ज की गई।
न्यायालय पेशी और आगे की कार्रवाई
मंगलवार को दोनों आरोपियों को बरामद असलहों के साथ न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि मामले की गहन जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।



