
देहरादून में राज्य सरकार ने स्कूली शिक्षा को रोजगारपरक बनाने की दिशा में बड़ा निर्णय लिया है। नए शिक्षा सत्र 2026-27 से प्रदेश के 744 विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा शुरू की जाएगी, जिससे लगभग एक लाख छात्रों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
पहले से चल रहे 200 विद्यालयों में जारी रहेगा कार्यक्रम
विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने जानकारी दी कि वर्तमान में संचालित 200 विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा कार्यक्रम पहले की तरह सुचारू रूप से जारी रहेगा। इसके साथ ही 544 नए विद्यालयों को भी इस योजना में शामिल किया जाएगा, जहां पारंपरिक शिक्षा के साथ-साथ व्यावसायिक पाठ्यक्रम भी पढ़ाए जाएंगे।
छात्रों को रोजगार से जोड़ने की दिशा में बड़ा कदम
मंत्री ने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य छात्रों को केवल सैद्धांतिक ज्ञान देना नहीं, बल्कि उन्हें व्यावहारिक प्रशिक्षण देकर रोजगार के लिए तैयार करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए और नियमित अनुश्रवण किया जाए।
टेंडर प्रक्रिया में देरी के बावजूद पढ़ाई प्रभावित नहीं होगी
डॉ. रावत ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया में देरी के बावजूद छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए पहले से अनुबंधित संस्था को ही कार्यक्रम जारी रखने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही नई टेंडर प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करने के लिए भी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।
आठ प्रमुख क्षेत्रों में मिलेगा प्रशिक्षण
समग्र शिक्षा योजना के तहत शुरू किए जा रहे इन व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में छात्रों को एग्रीकल्चर, ऑटोमोटिव, ब्यूटी एंड वेलनेस, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड हार्डवेयर, आईटी, प्लंबिंग, रिटेल तथा टूरिज्म एवं हॉस्पिटैलिटी जैसे आठ प्रमुख क्षेत्रों में प्रशिक्षण दिया जाएगा।



