
देहरादून। इस्कॉन देहरादून की ओर से शनिवार को भगवान जगन्नाथ, बलदेव और सुभद्रा की भव्य रथयात्रा श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ निकाली गई। रथयात्रा का शुभारंभ ओएनजीसी कम्युनिटी हॉल, राजेंद्र नगर से हुआ।
यात्रा किशन नगर, चकराता रोड, घंटाघर और सचिवालय मार्ग से होते हुए भगवान श्री वेंकटेश्वर कल्याण मंडपम पहुंची, जहां इसका विधिवत समापन किया गया। इस दौरान हजारों श्रद्धालुओं ने रथ की रस्सी खींचकर भगवान जगन्नाथ का आशीर्वाद प्राप्त किया।
देश-विदेश से पहुंचे भक्त, संतों ने बढ़ाई शोभा
रथयात्रा में वृंदावन से आए करीब 50 संतों और संन्यासियों के साथ देश-विदेश से पहुंचे बड़ी संख्या में भक्तों ने भाग लिया। परम पूज्य 1008 श्रील भक्ति धीरा दामोदर स्वामी महाराज की उपस्थिति आयोजन का प्रमुख आकर्षण रही।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक, गणेश जोशी, डॉ. धन सिंह रावत, आईआईटी मंडी के निदेशक डॉ. लक्ष्मीधर बेहरा, पूर्व महापौर सुनील उनियाल ‘गामा’, जीएमवीएन के निदेशक विशाल गुप्ता सहित कई गणमान्य लोग शामिल हुए।
हरिनाम संकीर्तन से भक्तिमय हुआ वातावरण
रथयात्रा के पूरे मार्ग में हरिनाम संकीर्तन, भजन-कीर्तन और नृत्य की प्रस्तुतियों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर भगवान जगन्नाथ का स्वागत किया।
यात्रा के दौरान और समापन स्थल पर हजारों श्रद्धालुओं को महाप्रसाद वितरित किया गया।
भगवान जगन्नाथ को अर्पित किए गए 1008 प्रकार के भोग
समापन समारोह में भगवान जगन्नाथ को 1008 प्रकार के भोग अर्पित किए गए। इसके साथ ही पारंपरिक पाहंडी विजय, छेरा पहरा, आरती और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
इस्कॉन देहरादून के मंदिर अध्यक्ष परम करुणा माधव दास ने आयोजन की सफलता के लिए शासन, जिला प्रशासन, पुलिस, मीडिया, स्वयंसेवकों और श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि भगवान जगन्नाथ की कृपा से यह धार्मिक आयोजन शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।



