
देहरादून में विश्व मासिक धर्म स्वच्छता दिवस के अवसर पर महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग द्वारा एक विशेष जागरूकता एवं प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किशोरियों और महिलाओं ने भाग लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को मासिक धर्म स्वच्छता के प्रति जागरूक करना और स्वास्थ्य संबंधी सही जानकारी उपलब्ध कराना रहा।
मासिक धर्म को बताया प्राकृतिक और वैज्ञानिक प्रक्रिया
सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी सभागार में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्य की महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि भारतीय संस्कृति में मासिक धर्म को नारी शक्ति और सृजन क्षमता का प्रतीक माना गया है। उन्होंने कहा कि यह महिलाओं को प्रकृति और ईश्वर द्वारा दिया गया एक महत्वपूर्ण वरदान है, जो उन्हें जीवन सृजन की क्षमता प्रदान करता है।
मंत्री ने कहा कि आज के आधुनिक दौर में भी मासिक धर्म को लेकर समाज में कई तरह की भ्रांतियां और झिझक मौजूद हैं। इन गलत धारणाओं को समाप्त करने के लिए समाज में खुलकर संवाद और जागरूकता फैलाने की आवश्यकता है।
किशोरियों को दिए स्वास्थ्य और स्वच्छता के महत्वपूर्ण सुझाव
कार्यक्रम के दौरान मंत्री रेखा आर्या ने किशोरियों को संतुलित और पौष्टिक आहार अपनाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि मासिक धर्म के समय स्वच्छता बनाए रखना महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी है। सही जानकारी और सावधानियों के माध्यम से कई गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है।
उन्होंने उपस्थित महिलाओं और बालिकाओं से अपील की कि वे मासिक धर्म को लेकर किसी प्रकार का संकोच न रखें और जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय सलाह अवश्य लें।
महिलाओं को वितरित की गई मासिक धर्म स्वच्छता किट
कार्यक्रम में महिलाओं और किशोरियों को मासिक धर्म स्वच्छता किट वितरित की गई। इस दौरान सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी गई। मंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार के जनऔषधि केंद्रों पर मात्र एक रुपये में सुरक्षित सेनेटरी पैड उपलब्ध कराए जा रहे हैं, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं को काफी राहत मिल रही है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की ‘मेरी सहेली’ नैपकिन वेंडिंग मशीन योजना और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के माध्यम से संचालित नैपकिन वितरण अभियान ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के लिए बेहद उपयोगी साबित हो रहे हैं। इन योजनाओं के जरिए लाखों महिलाओं तक सुरक्षित और स्वच्छ विकल्प पहुंचाए जा रहे हैं।
विशेषज्ञों ने दी स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी
कार्यक्रम में महिला रोग विशेषज्ञ डॉ. निहारिका ने भी प्रतिभागियों से संवाद किया। उन्होंने मासिक धर्म से जुड़ी सामान्य स्वास्थ्य समस्याओं, संक्रमण से बचाव और सही देखभाल के तरीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने किशोरियों को नियमित स्वास्थ्य जांच कराने और किसी भी समस्या को नजरअंदाज न करने की सलाह दी।
कई अधिकारी और गणमान्य लोग रहे मौजूद
इस अवसर पर महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग के सचिव चंद्रेश कुमार, निदेशक बंसीलाल राणा, उपनिदेशक विक्रम सिंह, मोहित चौधरी सहित विभाग के कई अधिकारी और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम में महिलाओं के स्वास्थ्य और स्वच्छता को लेकर जागरूकता बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।



