उत्तराखंडराज्य

राष्ट्र-निर्माता को नमन: देहरादून में भारत रत्न राजीव गांधी के शहादत दिवस पर भावभीनी श्रद्धांजलि

देहरादून। आधुनिक भारत के स्वप्नद्रष्टा और पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय राजीव गांधी के शहादत दिवस के पावन अवसर पर उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में श्रद्धा और कृतज्ञता का महासंगम देखने को मिला। गुरुवार को प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुख्यालय ‘राजीव भवन’ में एक गरिमामयी श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया, जहाँ उपस्थित जनसमुदाय और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनके तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर देश के प्रति उनके सर्वोच्च बलिदान को याद किया।

आधुनिक भारत के शिल्पी और सूचना क्रांति के अग्रदूत

श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए वरिष्ठ कांग्रेस नेता गणेश गोदियाल ने राजीव गांधी के विराट व्यक्तित्व और दूरदर्शी सोच को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी केवल एक राजनेता नहीं, बल्कि इक्कीसवीं सदी के आधुनिक भारत के वास्तविक शिल्पी और सूचना क्रांति के जनक थे। उनके द्वारा रोपे गए तकनीकी और वैज्ञानिक विकास के पौधों ने आज भारत को वैश्विक पटल पर एक आर्थिक और तकनीकी महाशक्ति के रूप में स्थापित कर दिया है।

लोकतंत्र का सशक्तीकरण और युवाओं को अधिकार

गणेश गोदियाल ने उनके ऐतिहासिक निर्णयों का स्मरण करते हुए कहा कि पंचायती राज व्यवस्था को सुदृढ़ करना और युवाओं को १८ वर्ष की आयु में मतदान का अधिकार देना उनके क्रांतिकारी कदम थे। इन फैसलों ने भारतीय लोकतंत्र की जड़ों को पाताल तक मजबूत किया और देश की युवा शक्ति को राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ा।

संवैधानिक सुधार और स्थानीय निकायों का उत्थान

नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने लोकतंत्र के विकेंद्रीकरण में कांग्रेस के ऐतिहासिक योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि ७३वें और ७४वें संविधान संशोधन के माध्यम से स्थानीय निकायों और पंचायतों को जो अधिकार और स्वायत्तता सौंपी गई, वह राजीव गांधी की दूरगामी सोच का ही परिणाम थी। कांग्रेस ने सदैव सत्ता को जनता के हाथों में सौंपने का काम किया है।

डिजिटल युग की नींव और युवा सहभागिता

पूर्व मंत्री हरक सिंह रावत ने इस अवसर पर कहा कि आज देश जिस डिजिटल और सूचना प्रौद्योगिकी के युग का आनंद ले रहा है, उसकी नींव दशकों पहले राजीव गांधी के सशक्त नेतृत्व में ही रखी गई थी। युवाओं को १८ वर्ष की आयु में मताधिकार देने के उनके फैसले ने देश की राजनीति और सामाजिक ताने-बाने को एक नई और ऊर्जावान दिशा प्रदान की।

संकल्प और एकजुटता का संदेश

इस स्मृति सभा में उत्तराखंड कांग्रेस के तमाम वरिष्ठ नेताओं, प्रबुद्ध जनों और कर्मठ कार्यकर्ताओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। सभी ने राजीव गांधी के राष्ट्र-कल्याणकारी विचारों, देश की अखंडता के लिए दिए गए उनके बलिदान को याद किया और उनके दिखाए मार्ग पर चलते हुए राष्ट्र सेवा का दृढ़ संकल्प लिया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button