व्यापार

पश्चिम एशिया संकट के बीच बढ़ती उत्पादन लागत से टेलीविजन उद्योग की बिक्री घटने की आशंका

पश्चिम एशिया संकट के बीच बढ़ती उत्पादन लागत से टेलीविजन उद्योग की बिक्री घटने की आशंका सता रही है। टेलीविजन इंडस्ट्री पर बढ़ती लागत का दबाव गहराता जा रहा है, जिससे आने वाले समय में बिक्री पर असर पड़ने की आशंका है। रैम की कीमतों में तेजी के साथ-साथ पश्चिम एशिया में जारी जिओ-पॉलिटिकल टेंशन की वजह से प्लास्टिक और समुद्री ढुलाई की लागत भी बढ़ गई है। इसके अलावा रुपये में कमजोरी के कारण उत्पादन लागत बढ़ी है जिससे रिटेल कीमतों में भी इजाफा देखा जा रहा है। बढ़ती कीमतों का असर कंज्यूमर्स की पसंद पर भी दिखाई देने लगा है। कई कस्टमर्स अब बड़े स्क्रीन वाले टेलीविजन की बजाय छोटे साइज के मॉडल चुन रहे हैं।

कंज्यूमर टाल रहे हैं अपनी टीवी की खरीदारी

बड़ी कंपनियों ने अभी तक लागत वृद्धि का पूरा बोझ ग्राहकों पर नहीं डाला है और बाजार में अपनी हिस्सेदारी बनाए रखने के लिए कुछ बोझ खुद उठा रही हैं। इसके बावजूद कंज्यूमर अपनी खरीद टाल रहे हैं। हालांकि टेलीविजन इंडस्ट्री को उम्मीद है कि साल के दूसरे हिस्से में त्योहारों के दौरान मांग में सुधार हो जाएगा।

टेलीविजन इंडस्ट्री के लोगों का क्या है कहना

सुपर प्लास्ट्रोनिक्स प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) अवनीत सिंह मारवाह ने कहा कि बढ़ती लागत के कारण स्थिति चुनौतीपूर्ण बनी हुई है और इंडस्ट्री में सस्ते टीवी ऑप्शन की ओर रुझान के संकेत मिल रहे हैं। उनके मुताबिक जो कस्टमर पहले 55 इंच का टेलीविजन लेने की सोच रहे थे, वे अब 50 इंच का मॉडल चुन रहे हैं। इसके अलावा 65 इंच की जगह 55 इंच का ऑप्शन लिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि पिछले छह महीनों में कीमतों में काफी बढ़ोतरी हुई है। ऐसे में 32 इंच का साधारण टेलीविजन जिसकी कीमत पहले करीब 9000 रुपये थी, वो अब लगभग 11,000 रुपये में बिक रहा है।

हायर इंडिया के प्रेसिडेंट एन एस सतीश ने कहा कि कुछ हद तक छोटे मॉडल की ओर रुझान दिख रहा है, लेकिन ईजी मंथली स्कीम बड़ी स्क्रीन वाले टेलीविजन की मांग को बनाए रखने में मदद कर रही हैं। उन्होंने बताया कि कंपनी का लगभग आधा कारोबार मंथली ईएमआई पर आधारित है, जिससे कीमत बढ़ने का असर कम महसूस होता है। उन्होंने कहा कि कुछ कस्टमर्स ज्यादा किस्तें देकर बड़े टेलीविजन खरीद रहे हैं जबकि कीमत को लेकर सतर्क कस्टमर्स छोटे टीवी के ऑप्शन चुन रहे हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button