
नई दिल्ली। देशभर में ट्रेनों में आग लगने की हालिया घटनाओं को भारतीय रेलवे ने गंभीरता से लिया है। लगातार सामने आ रही घटनाओं के बाद रेलवे प्रशासन ने जांच तेज कर दी है। प्रारंभिक जांच में कई मामलों में असामाजिक तत्वों की संलिप्तता के संकेत मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गई हैं।
आरपीएफ जांच में सामने आए चौंकाने वाले तथ्य
रेलवे सुरक्षा बल (RPF) की जांच के दौरान कई अहम तथ्य सामने आए हैं। अधिकारियों के मुताबिक राजस्थान के अमरपुरा स्टेशन के पास हुई एक घटना में किसी व्यक्ति ने ट्रेन की लिनेन सामग्री यानी बिस्तर को जानबूझकर आग लगाने की कोशिश की थी, जिससे आग फैल गई।
हावड़ा और कोटा की घटनाओं में भी मिले संदिग्ध संकेत
जांच में यह भी सामने आया कि हावड़ा में आग प्रभावित ट्रेन के बाथरूम से पेट्रोल में भीगा हुआ कपड़ा बरामद किया गया। वहीं कोटा में राजधानी एक्सप्रेस में लगी आग की शुरुआत भी बाथरूम से हुई थी, जिससे घटनाओं को लेकर संदेह और गहरा गया है।
सासाराम घटना में भी तोड़फोड़ की आशंका
सासाराम में हुई आगजनी की घटना को लेकर भी रेलवे अधिकारियों ने कई सवाल उठाए हैं। अधिकारियों के अनुसार उस समय ट्रेन और कोच खाली थे तथा वहां कोई पावर जनरेटर मौजूद नहीं था। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि किसी ने कोच के भीतर जलती हुई वस्तु फेंकी होगी।
कर्मचारियों की सतर्कता से टले बड़े हादसे
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि अमरपुरा और हावड़ा की घटनाओं में रेल कर्मचारियों की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के चलते बड़े हादसे टल गए। समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, जिससे यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सकी।
यात्रियों से सतर्क रहने की अपील
भारतीय रेलवे ने यात्रियों से यात्रा के दौरान सतर्क रहने की अपील की है। रेलवे प्रशासन ने कहा है कि यदि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो उसकी तुरंत सूचना हेल्पलाइन नंबर 139 पर दें, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।
रेलवे ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए हर स्तर पर निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है।



