
देहरादून में वैश्विक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए गैस, पेट्रोल-डीजल और अन्य आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति को सुचारु बनाए रखने के लिए उत्तराखंड शासन द्वारा उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में शासन और प्रशासन के शीर्ष अधिकारियों ने भाग लिया।
गैस आपूर्ति की स्थिति सामान्य
बैठक में एलपीजी के नोडल अधिकारी स्वर्ण सिंह ने जानकारी दी कि घरेलू गैस की आपूर्ति फिलहाल सामान्य बनी हुई है। अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों को नियमित रूप से गैस सिलेंडर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। स्वास्थ्य और शिक्षा विभाग ने भी स्थिति को संतोषजनक बताया।
व्यावसायिक गैस सिलेंडरों पर विशेष ध्यान
जिलाधिकारियों ने बताया कि अधिकांश जिलों में घरेलू गैस की उपलब्धता ठीक है, लेकिन व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की आपूर्ति अपेक्षाकृत कम है। इस पर मुख्य सचिव ने ऑयल कंपनियों को नई एसओपी के अनुसार व्यावसायिक सिलेंडरों की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
पेट्रोल-डीजल और उर्वरक का पर्याप्त भंडार
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि राज्य में पेट्रोल और डीजल का स्टॉक पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है और सभी जिलों में आपूर्ति नियमित रूप से हो रही है। कृषि विभाग ने भी उर्वरकों की उपलब्धता को संतोषजनक बताया और किसी प्रकार की कमी से इनकार किया।
उर्वरक वितरण में सख्ती के निर्देश
मुख्य सचिव ने जिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि उर्वरकों का वितरण निर्धारित मानकों के अनुसार किया जाए और किसी भी प्रकार के दुरुपयोग या कालाबाजारी पर सख्त रोक लगाई जाए।
चारधाम यात्रा को लेकर विशेष तैयारी
आगामी 19 अप्रैल 2026 से शुरू होने वाली चारधाम यात्रा को ध्यान में रखते हुए गैस आपूर्ति की विशेष समीक्षा की गई। रुद्रप्रयाग, चमोली, उत्तरकाशी, टिहरी और पौड़ी जिलों में व्यावसायिक गैस की मांग बढ़ने की संभावना जताई गई। इस पर मुख्य सचिव ने केंद्र सरकार को अतिरिक्त एलपीजी आवंटन का प्रस्ताव भेजने और यात्रा मार्गों पर पर्याप्त सिलेंडर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों को बढ़ावा
बैठक में गैस के विकल्प के रूप में लकड़ी, सोलर ऊर्जा, पिरूल ब्रिकेट्स, इंडक्शन और बायोफ्यूल के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए योजनाएं तैयार करने पर जोर दिया गया। इससे पारंपरिक ईंधन पर निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी।
पीएनजी नेटवर्क विस्तार पर जोर
पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) के विस्तार की समीक्षा करते हुए बताया गया कि राज्य के सभी जिलों में सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क के लिए कंपनियों को एनओसी मिल चुकी है। पाइपलाइन बिछाने और नए कनेक्शन देने का कार्य तेजी से जारी है। जिलाधिकारियों को इसकी नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए गए।
सीमा क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने के निर्देश
मुख्य सचिव ने पुलिस विभाग को अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ाने और गैस व उर्वरकों की तस्करी रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए।
अप्रवासी नागरिकों के लिए सहायता
खाड़ी देशों में रह रहे उत्तराखंड के अप्रवासी नागरिकों की सहायता के लिए टोल-फ्री नंबर जारी करने पर भी जोर दिया गया, ताकि जरूरत पड़ने पर उन्हें तुरंत सहायता मिल सके।
शादी समारोह के लिए विशेष व्यवस्था
बैठक में विवाह जैसे आयोजनों के लिए व्यावसायिक गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने पर भी चर्चा हुई। इस पर मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि शादी के अवसर पर दो अस्थायी गैस कनेक्शन उपलब्ध कराए जाएं।
अधिकारियों को नियमित समीक्षा के निर्देश
बैठक के अंत में मुख्य सचिव ने सभी जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों को एलपीजी और ईंधन की सप्लाई चेन की लगातार निगरानी करने और आवश्यकतानुसार त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।



