
सचिन कुर्वे, सचिव स्वास्थ्य एवं खाद्य सुरक्षा आयुक्त, उत्तराखण्ड, और जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौयिा के निर्देशानुसार रूद्रपुर में नवरात्र पर्व के दृष्टिगत आम जनता को सुरक्षित एवं गुणवत्तायुक्त खाद्य एवं पेय पदार्थ उपलब्ध कराने तथा खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया गया। सहायक आयुक्त (खाद्य संरक्षा) ललित मोहन पाण्डे के नेतृत्व में यह अभियान सघन औचक निरीक्षण के रूप में आयोजित किया गया।
मॉल और खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण
अभियान के दौरान रूद्रपुर क्षेत्र के मॉल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में कुल चार नमूने लिए गए: 01 नमूना सेंधा नमक, 02 नमूना रागी आटा और 01 नमूना साबुदाना। ये सभी नमूने परीक्षण के लिए राज्य खाद्य एवं औषधि प्रयोगशाला रूद्रपुर भेजे गए।
नमूनों की जांच और कार्रवाई
श्री ललित मोहन पाण्डे ने बताया कि जांच रिपोर्ट प्राप्त होने पर यदि नमूने मानकों के अनुरूप नहीं पाए जाते हैं, तो संबंधित खाद्य कारोबारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य कारोबारियों के लिए निर्देश
निरीक्षण के दौरान खाद्य कारोबारियों को विशेष निर्देश दिए गए:
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कुटु का आटा केवल वैध खाद्य लाइसेंस/पंजीकरण के साथ निर्माण, पैकिंग, संग्रह और विक्रय किया जाए।
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कुटु का आटा केवल सील बंद पैकेट में उपलब्ध कराया जाए, जिसमें निर्माण/पैकिंग/एक्सपायरी तिथि, निर्माता/पैकिंग करने वाले का पूरा पता और खाद्य लाइसेंस नंबर अंकित हो।
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कुटु बीज या आटे के क्रय-विक्रय का विवरण लिखित रूप में रखा जाए।
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बाहरी राज्यों से केवल पंजीकृत/लाइसेंसधारी खाद्य कारोबारियों से ही खाद्य पदार्थ खरीदे जाएँ।
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खाद्य पदार्थों के क्रय-विक्रय का दैनिक रिकॉर्ड रखा जाए।
आम जनता के लिए चेतावनी और संपर्क
श्री पाण्डे ने आम जनता से अपील की कि खाद्य एवं पेय पदार्थ खरीदते समय निर्माण तिथि, उपभोग की तिथि और खाद्य कारोबारकर्ता का लाइसेंस और पंजीकरण अवश्य देखें। यदि कोई निम्न गुणवत्ता, अस्वच्छ या अस्वस्थ्यकर खाद्य सामग्री मिलती है, तो टोल फ्री नंबर 18001804246 पर शिकायत की जा सकती है।
निरीक्षण टीम
निरीक्षण अभियान में सहायक आयुक्त (खाद्य संरक्षा) ललित मोहन पाण्डे के साथ वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी अपर्णा साह, खाद्य सुरक्षा अधिकारी आशा आर्या और पंकज कुमार आदि शामिल थे।



