
रूद्रपुर। जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने कल्याणी नदी को प्रदूषणमुक्त बनाने के उद्देश्य से सिडकुल पंतनगर में स्थापित ईएसटीपी प्लांट और रॉकेट इंडिया प्रा. लि. में स्थापित एसटीपी प्लांट का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पानी के सैम्पल लिए और उन्हें परीक्षण हेतु लैब में भेजने के निर्देश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों को दिए।
प्रदूषण रोकने के लिए कड़े निर्देश
जिलाधिकारी ने क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को स्पष्ट निर्देश दिए कि यदि कंपनियों द्वारा बिना ट्रीट किए पानी को कल्याणी या किसी अन्य नदी में छोड़ा जाता पाया गया तो कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि पूर्व में अधिकारियों को सीईटीपी/ईटीपी लाइन स्थापित किए जाने और प्रदूषित जल को नदियों में न निस्तारित करने की जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए थे, जो अब तक प्रस्तुत नहीं की गई हैं।
कंपनियों में ईटीपी/ईएसटीपी की स्थिति की समीक्षा
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि कंपनियों में स्थापित ईएसटीपी/ईटीपी लाइन की स्थिति और दूषित जल के निस्तारण से संबंधित स्पष्ट जांच रिपोर्ट शीघ्र प्रस्तुत की जाए। यह कदम कल्याणी नदी के संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण के लिए आवश्यक है।
सिडकुल क्षेत्र में गंदगी और कचरे पर कार्रवाई
निरीक्षण के दौरान सिडकुल क्षेत्र में कई स्थानों पर कचरा और गंदगी पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने नगर आयुक्त को कचरे की तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए और आरएम सिडकुल को नोटिस भेजने का आदेश भी दिया।
कल्याणी नदी के पानी के सैम्पल जांच हेतु निर्देश
जिलाधिकारी ने कल्याणी नदी के विभिन्न स्थलों—उद्गम स्थल पत्थर चट्टा, सिडकुल प्रारंभिक स्थल, सिडकुल का अंतिम स्थल अटरिया पुल और शहर के अंतिम छोर यूपी बार्डर—पर नदी के पानी के सैम्पल जांच कराने के निर्देश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को दिए।
निरीक्षण में शामिल अधिकारी
निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी पंकज उपाध्याय, कौस्तुभ मिश्र, उप जिलाधिकारी गौरव पांडेय, नगर आयुक्त शिप्रा जोशी, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड एसपी सिंह और तहसीलदार दिनेश कुटौला मौजूद थे।



