
चम्पावत। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने चम्पावत जिले के विभिन्न क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया और विकास एवं बाड़ सुरक्षा परियोजनाओं की प्रगति का विस्तृत मूल्यांकन किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने टनकपुर/शारदा बैराज, शारदा घाट, किरोड़ा नाला, बूम, बाटनागाड़ और श्यामलाताल क्षेत्र का दौरा किया।
टनकपुर/शारदा बैराज: पर्यटन और एरो स्पोर्ट्स की संभावनाओं का अध्ययन
टनकपुर/शारदा बैराज का दौरा करते हुए मुख्य सचिव ने पर्यटन और एरो स्पोर्ट्स को बढ़ावा देने की संभावनाओं पर चर्चा की। उन्होंने स्थानीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि पर्यटक आकर्षण और खेल गतिविधियों के विकास में गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
शारदा घाट: करिडोर परियोजना और पुल निर्माण का निरीक्षण
शारदा घाट स्थित शारदा करिडोर परियोजना का निरीक्षण करते हुए उन्होंने विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए। साथ ही, ब्रिडकुल में 480 मीटर लंबे स्पान पुल के निर्माण में पारदर्शिता और उच्च गुणवत्ता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया।
बूम और बाटनागाड़: भू-कटाव और बाड़ सुरक्षा कार्य
बूम और बाटनागाड़ क्षेत्रों में भू-कटाव की स्थिति का अवलोकन करते हुए मुख्य सचिव ने संबंधित विभागों को पूर्ण चैनलाइजेशन के बाद प्रभावी बाड़ सुरक्षा कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त, शारदा नदी के तट पर सिंचाई विभाग को कार्ययोजना तैयार करने के लिए कहा गया। बाटनागाड़ मार्ग सुधार के लिए श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।
श्यामलाताल: Spiritual Economic Zone और इको-टूरिज्म का सशक्तिकरण
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की परिकल्पना के अनुसार, मुख्य सचिव ने श्यामलाताल का निरीक्षण कर स्थानीय आर्थिक और पर्यटन गतिविधियों को सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कृषि, उद्यान और एनआरएलएम द्वारा लगाए गए स्टॉलों का अवलोकन किया और लाल चावल, लाल धान, मधुमक्खी पालन तथा अन्य स्थानीय उत्पादों के प्रोत्साहन और बाजार उपलब्धता बढ़ाने के उपायों पर विशेष ध्यान दिया।
निरीक्षण में शामिल वरिष्ठ अधिकारी
निरीक्षण के दौरान कुमाऊं मंडलायुक्त दीपक रावत, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।



