
देहरादून। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने बुधवार को सचिवालय में स्टेट प्रगति पोर्टल की समीक्षा की और अधिकारियों को निर्देश दिए कि राज्य तथा केंद्र पोषित महत्वपूर्ण योजनाओं की मॉनिटरिंग अब इसी पोर्टल के माध्यम से की जाएगी। उन्होंने सभी विभागों से अपनी प्रमुख योजनाओं को शीघ्र पोर्टल पर अपलोड करने का आग्रह किया।
पोर्टल डिज़ाइन और माइलस्टोन प्रणाली
मुख्य सचिव ने पोर्टल को इस प्रकार डिज़ाइन करने के निर्देश दिए कि योजनाओं की विभागवार और योजनावार समीक्षा आसानी से की जा सके। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विभाग को अपने प्रोजेक्ट्स के अलग-अलग स्तरों पर माइलस्टोन निर्धारित करने होंगे, ताकि धीमी प्रगति वाले प्रोजेक्ट्स की पहचान कर समय रहते निगरानी रखी जा सके। इससे योजनाओं को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने में मदद मिलेगी।
स्वरोजगार योजनाओं का समावेश और विश्लेषण
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि पोर्टल में सभी विभागों द्वारा संचालित स्वरोजगार योजनाओं को भी शामिल किया जाए और इन योजनाओं के माध्यम से अब तक उत्पन्न हुए रोजगार का विश्लेषण किया जाए। इसके लिए नियोजन विभाग को पिछले तीन से पांच वर्षों की रिपोर्ट तैयार करने और योजनाओं की समीक्षा कर उनकी कमियों को दूर करने का काम सौंपा गया।
स्वास्थ्य विभाग और भवन निर्माण का समग्र दृष्टिकोण
बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने पोर्टल का ट्रायल लेते हुए विभिन्न विभागों की योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा करते हुए उन्होंने प्रदेश के विभिन्न जिलों में अस्पतालों, उप जिला अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों के निर्माण कार्यों की अद्यतन स्थिति जानी।
उन्होंने भवन निर्माण के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग के मैनपावर और मशीनों के उन्नयन को भी योजनाओं में शामिल करने के निर्देश दिए तथा इसके लिए समग्र (होलिस्टिक) योजना तैयार करने पर जोर दिया। साथ ही अस्पताल भवनों के निर्माण में बेसमेंट पार्किंग को अनिवार्य रूप से शामिल करने के निर्देश दिए।
बैठक में उपस्थित अधिकारी
बैठक में प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुन्दरम, सचिव सचिन कुर्वे, डॉ. बी.वी.आर.सी. पुरूषोत्तम, अपर सचिव झरना कमठान सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।



