
देहरादून/गैरसैंण। सतपाल महाराज ने कहा कि भराड़ीसैंण विधानसभा सत्र में राज्यपाल का अभिभाषण राज्य सरकार की नीतियों, उपलब्धियों और भावी विकास योजनाओं का महत्वपूर्ण दस्तावेज है। उन्होंने बताया कि सत्र के पहले दिन मुख्यमंत्री द्वारा सदन में प्रस्तुत किया गया ₹1,11,703.21 करोड़ का बजट पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 11.41 प्रतिशत अधिक है। यह बजट विशेष रूप से लोक कल्याण और पर्यटन विकास को बढ़ावा देने वाला है।
बजट के प्रमुख केंद्र और योजनाएं
पर्यटन, लोक निर्माण, सिंचाई, पंचायतीराज, ग्रामीण निर्माण, जलागम, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि यह बजट राज्य के समग्र विकास का रोडमैप प्रस्तुत करता है। इसके माध्यम से रोजगार सृजन, पर्यटन विस्तार, महिला सशक्तिकरण और आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ स्वरोजगार और रोजगार बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं।
प्रधानमंत्री के विजन के अनुरूप बजट
महाराज ने बताया कि यह बजट प्रधानमंत्री के विजन “सशक्त और समृद्ध उत्तराखंड” के अनुरूप तैयार किया गया है और यह विकसित उत्तराखंड की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
समावेशी और संतुलित विकास पर जोर
उन्होंने कहा कि बजट में शीतकालीन पर्यटन के विकास, समावेशी विकास, गांव और शहरों के संतुलित विकास पर विशेष ध्यान दिया गया है। साथ ही आत्मनिर्भरता, लोक सहभागिता, आर्थिक सशक्तिकरण और न्यायपूर्ण व्यवस्था को मजबूत करने के लिए भी महत्वपूर्ण प्रावधान शामिल किए गए हैं।
आर्थिक प्रगति और रोजगार सृजन
सतपाल महाराज ने विश्वास जताया कि यह बजट उत्तराखंड में पर्यटन विकास, नए रोजगार अवसर और समग्र आर्थिक प्रगति को नई गति प्रदान करेगा।



