
शनिवार रात, रातीघाट के पास महिंद्रा XUV500 कार अनियंत्रित होकर शिप्रा नदी में गिर गई। कार में सवार तीन शिक्षकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक शिक्षक गंभीर रूप से घायल हुआ। घायल को प्राथमिक उपचार के बाद हल्द्वानी हायर सेंटर रेफर किया गया। पुलिस ने मृतकों के परिजनों को सूचना दे दी है।
रेस्क्यू अभियान और प्राथमिक कार्रवाई
स्थानीय लोगों ने खाई में गिरने की आवाज सुनकर तुरंत पुलिस और प्रशासन को सूचित किया। खैरना पुलिस और एसडीआरएफ की टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थानीय लोगों की मदद से रेस्क्यू अभियान चलाया। पुलिस ने खाई में उतरकर कार के अंदर फंसे घायलों को रस्सी की मदद से सड़क तक निकाला और खैरना सीएचसी पहुंचाया।
मृतकों और घायल की पहचान
डॉक्टरों ने सुरेंद्र भंडारी, पुष्कर भैसोड़ा और संजय बिष्ट को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल शिक्षक मनोज कुमार को प्राथमिक उपचार के बाद हल्द्वानी रेफर किया गया। एसपी सिटी डॉ. जगदीश चंद्र ने बताया कि हादसे के तुरंत बाद रेस्क्यू अभियान चलाकर सभी घायलों को सुरक्षित सीएचसी भेजा गया।
पुलिस के अनुसार, कर्मचारी नेता पुष्कर सिंह भैसोड़ा (50) और शिक्षक नेता सुरेंद्र भंडारी (45), दोनों निवासी अल्मोड़ा, मौके पर ही मारे गए। गंभीर रूप से घायल दो अन्य शिक्षकों को 108 एंबुलेंस द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गरमपानी पहुंचाया गया, जहां शिक्षक नेता संजय बिष्ट (51), निवासी पांडेखोली अल्मोड़ा, की मौत हो गई। मनोज कुमार (43), निवासी दुगालखोला, की हालत गंभीर होने पर उन्हें हल्द्वानी रेफर किया गया। मनोज प्राथमिक विद्यालय पनुवानौला में शिक्षक हैं।
हादसे का कारण और जांच
सूत्रों के अनुसार, सामने से आ रही गाड़ी को पास देने के दौरान कार को पीछे करते समय यह हादसा हुआ। पुलिस हादसे की विस्तृत जांच कर रही है। तीनों मृतकों के शव मोर्चरी में रखे गए हैं। इस दुर्घटना की खबर मिलने के बाद मृतकों के परिवार में शोक की लहर फैल गई है और अल्मोड़ा नगर में भी मातम का माहौल है।



